आर.बी.एल.निगम, वरिष्ठ पत्रकार
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने दिसम्बर 2 को सवाल उठाया कि कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी जब दिल्ली में होते हैं तो मंदिर क्यों नहीं जाते। टाइम्स अॉफ इंडिया के मुताबिक शाह ने उस अटकलों को खारिज किया कि राहुल गांधी के धर्म पर विवाद उसकी पार्टी ने पैदा किया है। शाह ने कांग्रेस के उन आरोपों का भी जवाब दिया, जिसमें कहा गया था कि वह जैन हैं हिंदू नहीं। शाह ने जवाब में कहा कि हम छह पुश्तों से हिंदू हैं। शाह ने यह भी कहा, ”हमने कभी किसी की भावनाओं को नहीं उठाया। उनके सोमनाथ मंदिर जाने के बाद ही विवाद खड़ा हुआ था। मेरा सिर्फ यह कहना है कि किसी को अपना विश्वास छिपाकर रखना नहीं चाहिए। आखिर क्यों राहुल गांधी दिल्ली के मंदिरों में नहीं जाते?”
उन्होंने आगे कहा, "हमें कोई परेशानी नहीं है कि कांग्रेस ने तुरंत राहुल गांधी का जनेऊ दिखा दिया। हमें उम्मीद है कि उनकी मां सोनिया गांधी को भी नहीं होगी।” इसके अलावा शाह ने गुजरात विधानसभा चुनावों से जुड़े कई सवालों के जवाब दिए। उन्होंने कहा कि पार्टी का मकसद 182 में से 150 सीटें जीतना है। उन्होंने राहुल के उस बयान को खारिज किया, जिसमें कहा गया था कि बीजेपी शासन में गुजरात में विकास पिछड़ गया है।
इसके अलावा शाह ने गुजरात विधानसभा चुनावों से जुड़े कई सवालों के जवाब दिए। उन्होंने कहा कि पार्टी का मकसद 182 में से 150 सीटें जीतना है। उन्होंने राहुल के उस बयान को खारिज किया, जिसमें कहा गया था कि बीजेपी शासन में गुजरात में विकास पिछड़ गया है। यूपी निकाय चुनावों में मिली शानदार जीत पर शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता ने जनादेश दे दिया है। यह पूछने पर कि गुजरात में जीएसटी और नोटबंदी को लेकर लोगों में असंतोष है तो उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों के नतीजे नोटबंदी के बाद ही आए थे। शाह ने कहा कि जीएसटी और नोटबंदी देश के विकास के लिए अहम सुधारों में से एक थे। पीएम नरेंद्र मोदी खुद जीएसटी से जुड़े मुद्दों को मॉनिटर कर रहे थे। शाह ने कहा कि हम बदलाव ला चुके हैं और कुछ जल्द लेकर आएंगे।
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने कांग्रेस के आरोपों पर करारा जवाब देते हुए कहा है कि देश जानता है कि वह सात पुश्तों से हिंदू हैं। रिपब्लिक टीवी को दिए एक इंटरव्यू में अमित शाह ने यह बात कही है। उनसे जब कांग्रेस के आरोपों को लेकर सवाल किया गया तब उन्होंने कहा, ‘कांग्रेस ने हमला करते हुए कहा कि मैं हिंदू नहीं हूं, जो कि गलत बात है। मैं जन्म से हिंदू हूं, मैं सात पुश्तों से हिंदू हूं। आरोप का क्या करूं, पूरा गुजरात जानता है और पूरा देश जानता है यह बात। कांग्रेस का ज्ञान नहीं है तो क्या करूं। किसी साइट पर देख लिया होगा कुछ लिखा होगा। हजारों साइट्स हैं ऐसी।’
दरअसल कांग्रेस ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को लेकर कहा था कि वह हिंदू नहीं हैं। कांग्रेस के नेता राज बब्बर ने कहा था कि भाजपा अध्यक्ष धर्म से जैन हैं, लेकिन वह खुद को हिंदू बताते हैं। कांग्रेस के इसी आरोप पर अमित शाह ने यह जवाब दिया है।
कांग्रेसी नेता ने कहा था, “अमित शाह खुद को हिंदू बताते है। मगर वह जैन हैं। जहां तक राहुल गांधी की बात है, तो उनके घर में लंबे समय से भगवान शिव की पूजा होती रही है। इंदिरा गांधी भी रुद्राक्ष पहनती थीं, जो सिर्फ शिव भक्त ही पहनते हैं।” बब्बर की यह प्रतिक्रिया राहुल गांधी की सोमनाथ यात्रा के बाद आई थी। राहुल हाल ही में सोमनाथ मंदिर गए थे। वहां उनका नाम गैर हिंदुओं के रजिस्टर में दर्ज पाया गया, जिसके बाद हिंदू और गैर हिंदू पर विवाद शुरू हुआ था। बब्बर ने इस पर कांग्रेस उपाध्यक्ष का बचाव किया था। उन्होंने कहा था कि राहुल शिव भक्त हैं और उनके यहां लंबे समय से भगवान शिव की पूजा होती रही है।
दो नाव में सवार है राहुल, डूबना तय है -- योगी आदित्य नाथ
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने कहा, “राहुल बेचारा हो गया है। वह अपने कृतित्व और व्यक्तित्व से बेचारा हो गया।” आज तक के कार्यक्रम एजेंडा आजतक में शिरकत करते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जो राहुल कभी मंदिर नहीं गया वो गुजरात चुनाव में मंदिर-दर मंदिर भटक रहा है। खुद को हिन्दू साबित करने पर तुला है। योगी ने कहा कि राहुल गांधी दो नावों पर सवार हो चुके हैं। लिहाजा, उनका और कांग्रेस का डूबना तय है। यूपी सीएम ने कहा कि कांग्रेस में ही एक धड़ा ऐसा है जो राहुल को उन राज्यों में आगे कर देता है, जहां वो चुनाव हारना चाहते हैं। योगी ने कहा कि राहुल चुनाव में हार के पर्याय बन गए हैं।
यूपी निकाय चुनावों में मिली अपार जीत से गदगद योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस उपाध्यक्ष पर कई तीखे वार किए। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को हिन्दी लिखना तक नहीं आता। इतना ही नहीं उन्होंने राहुल गांधी द्वारा पूर्व में दिए गए विवादित बयानों का भी जिक्र किया और कहा कि ये वही राहुल गांधी हैं जो कहा करते थे कि मंदिर में लोग लड़की छेड़ने जाते हैं। योगी ने आरोप लगाया कि राहुल ने अमेरिका के विदेश मंत्री के सामने कहा था कि हमें लश्कर से डर नहीं, हिन्दुओं से डर है।
योगी ने कहा कि कांग्रेस विभाजनकारी पार्टी है। देश का विभाजन कराया। समाज को जाति, क्षेत्र और भाषा के आधार पर बांटा। अब वो हिन्दुओं को भी जनेऊधारी और गैर जनेऊधारी में बांट दिया। योगी ने कहा कि जब राहुल भारत में रहें तो हिन्दू बन जाएं और जब विदेश जाएं तो कैथोलिक क्रिश्चन बन जाएं। यह दोनों कैसे चल सकता है? योगी ने कहा कि राहुल को समझना चाहिए कि दो नावों की सवारी डुबोती है। उन्होंने कहा कि अगर राहुल आस्थावान हैं तो गुजरात के अलावा अन्य मंदिरों में क्यों नहीं जाते? योगी ने कहा कि ये वही राहुल हैं जिनकी सरकार ने रामसेतु को तोड़ने का आदेश दिया था और भगवान के अस्तित्व को खारिज कर दिया था।
अरे, अपने अंतिम समय पर तो सच्चाई कबूल लो।
कहते हैं कि जब भी कोई प्राणी मृत्यु शैया पर होता है, अपने परिवार के सम्मुख जीवन की सच्चाई रख ब्रह्मलोक की ओर चल देता है, परन्तु कांग्रेस झूठ बोल रही हैं। जनमानस को हिन्दू होने से भ्रमित करने अंतिम संस्कार हिन्दू रीति-रिवाज़ से किया जाता है। इंदिरा गाँधी द्वारा रूद्रराक्ष माला धारण करने से हिन्दू नहीं बन गयी। इंदिरा गाँधी ने कब हिन्दू धर्म अपनाया था? जब ब्रिटेन की एक मस्जिद में इंदिरा गाँधी ने फ़िरोज़ से निकाह करने पूर्व इस्लाम कबूला था और इंदिरा गाँधी का नाम रखा गया था "मैमुना बेगम", क्या यह नाम हिन्दू है। इतना ही नहीं, सोनिया(अंटोनिआ माइनो) गाँधी कैथोलिक ईसाई हैं। राहुल को हिन्दू बताने वाले कांग्रेसी बताएं कि सत्ता में रहते इस्लामिक आतंकवाद को कलंकित होने से बचाने के लिए किस प्रकार हिन्दू(भगवा) आतंकवाद का ज़हर फ़ैलाने बेकसूर साधु/संत और साध्वियों को आतंकवाद और अन्य घृणित आरोपों में जेलों में डाला गया था।दूसरे, कौन हिन्दू अपने आराध्य श्री राम और कृष्ण को काल्पनिक बोलेगा?
तीसरे, कांग्रेस अपनी स्थापना से लेकर आज तक हिन्दुओं को विभाजित करने का काम कर रही है।महात्मा गाँधी ने हिन्दुओं को विभाजित करने, आर्य समाज में मतभेद उत्पन्न करने का प्रयास किया, जिसे आज तक वर्तमान कांग्रेस भी कर रही है। क्या जैन, वैश्य, ब्राह्मण और कायस्थ क्या हिन्दू नहीं? बीते दिनों में सिख समाज को हिन्दुओं से अलग किया गया, जबकि सिख की वास्तविकता को अध्ययन करने पर ज्ञात होता है कि सिख(सरदार) हिन्दुओं के बड़े भाई हैं। मुगलों की आतताइयों हिन्दू समाज और महिलाओं की रक्षा करने हर परिवार अपने बड़े पुत्र को सरदार बनाकर समाज को समर्पित करता था, लेकिन कांग्रेस ने इन दोनों को विभाजित कर दिया, दलितों में उच्च वर्ग के प्रति घृणा भर अलग कर दिया, और अब जैन समाज को हिन्दुओं से अलग करने का घृणित कार्य कर रही है। अरे, अपने अंतिम समय पर तो सच्चाई कबूल लो।
देखिए राज बब्बर क्या बोल रहे हैं:--
अरे, अपने अंतिम समय पर तो सच्चाई कबूल लो।
कहते हैं कि जब भी कोई प्राणी मृत्यु शैया पर होता है, अपने परिवार के सम्मुख जीवन की सच्चाई रख ब्रह्मलोक की ओर चल देता है, परन्तु कांग्रेस झूठ बोल रही हैं। जनमानस को हिन्दू होने से भ्रमित करने अंतिम संस्कार हिन्दू रीति-रिवाज़ से किया जाता है। इंदिरा गाँधी द्वारा रूद्रराक्ष माला धारण करने से हिन्दू नहीं बन गयी। इंदिरा गाँधी ने कब हिन्दू धर्म अपनाया था? जब ब्रिटेन की एक मस्जिद में इंदिरा गाँधी ने फ़िरोज़ से निकाह करने पूर्व इस्लाम कबूला था और इंदिरा गाँधी का नाम रखा गया था "मैमुना बेगम", क्या यह नाम हिन्दू है। इतना ही नहीं, सोनिया(अंटोनिआ माइनो) गाँधी कैथोलिक ईसाई हैं। राहुल को हिन्दू बताने वाले कांग्रेसी बताएं कि सत्ता में रहते इस्लामिक आतंकवाद को कलंकित होने से बचाने के लिए किस प्रकार हिन्दू(भगवा) आतंकवाद का ज़हर फ़ैलाने बेकसूर साधु/संत और साध्वियों को आतंकवाद और अन्य घृणित आरोपों में जेलों में डाला गया था।दूसरे, कौन हिन्दू अपने आराध्य श्री राम और कृष्ण को काल्पनिक बोलेगा?
तीसरे, कांग्रेस अपनी स्थापना से लेकर आज तक हिन्दुओं को विभाजित करने का काम कर रही है।महात्मा गाँधी ने हिन्दुओं को विभाजित करने, आर्य समाज में मतभेद उत्पन्न करने का प्रयास किया, जिसे आज तक वर्तमान कांग्रेस भी कर रही है। क्या जैन, वैश्य, ब्राह्मण और कायस्थ क्या हिन्दू नहीं? बीते दिनों में सिख समाज को हिन्दुओं से अलग किया गया, जबकि सिख की वास्तविकता को अध्ययन करने पर ज्ञात होता है कि सिख(सरदार) हिन्दुओं के बड़े भाई हैं। मुगलों की आतताइयों हिन्दू समाज और महिलाओं की रक्षा करने हर परिवार अपने बड़े पुत्र को सरदार बनाकर समाज को समर्पित करता था, लेकिन कांग्रेस ने इन दोनों को विभाजित कर दिया, दलितों में उच्च वर्ग के प्रति घृणा भर अलग कर दिया, और अब जैन समाज को हिन्दुओं से अलग करने का घृणित कार्य कर रही है। अरे, अपने अंतिम समय पर तो सच्चाई कबूल लो।
देखिए राज बब्बर क्या बोल रहे हैं:--
Comments