दिल्ली-कानपुर हाईवे पर हूए सामूहिक दुष्कर्म मामले में एक बड़ा खुलासा हुआ है। डिस्ट्रिक कोर्ट में आज तीनों आरोपियों को पेश किया गया। इस मामले में तब बड़ा खुलासा हुआ जब एक ढाबा संचालक ने इस गिरोह (बाबरिया) के बारे में बताया। ढाबा संचालक सोनू का कहना है कि कई दिनों से ये गिरोह लुटपाट और डकैती कर रहे थे लेकिन पुलिस ने उन बदमाशों से रिश्वत ली थी जिसकी वजह से वो पूरे इलाके में वारदातों को अंजाम देते थे। ई टीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने इस मामले के जिस मुख्य आरोपी रईस को जेल भेजा है। ये उसी गिरोह का हैड था। आरोपी रईस ने महीने भर पहले एक ढाबे पर डकैती डालकर दर्जन भर ट्रक ड्राइवर और ढाबा मालिक से लाखों रूपये की लूट की थी, लेकिन पुलिस रिकॉर्ड में क्राइम कंट्रोल के चक्कर में यह केस दर्ज नही किया गया। पुलिस ने इस मामले में अपनी जेब गर्म करके रईस को छोड़ दिया था। ढाबा संचालक ने किया खुलासा नेशनल हाईवे के नये बाईपास के पास एमएस इंस्टीट्यूट के बाहर ढाबा संचालक सोनू और उनकी पत्नी राजकुमारी चाय और रोटी का ढाबा चलाते हैं। पास के गांव सुतारी का रईस अक्सर इस ढाबे पर गांजे की स...