राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने महागठबंधन टूटने के बाद नीतीश कुमार पर करारा हमला किया है। लालू यादव ने पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि नीतीश कुमार बीजेपी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से मिल गये हैं। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार हत्या के एक मामले में आरोपी हैं और इस मामले में सजा होने पर उन्हें फांसी या आजीवन कारावास की सजा हो सकती है। लालू यादव ने कहा कि1991 में नीतीश पर मुकदमा दर्ज हुआ। ये मुकदमा आईपीसी की धारा 147, 148, 302, और 307 के तहत हुआ था। नीतीश कुमार पर आरोपों के तीर छोड़ते हुए लालू यादव ने कहा कि नीतीश कुमार को मालूम हो गया था कि वे मर्डर केस का मुख्य आरोपी है और उसका संज्ञान लिया जा चुका है। लालू ने इस बावत कुछ कानूनी कागजात भी मीडिया को दिखाये। लालू ने कहा कि नीतीश कुमार को ये पता था कि वे इस मामले में बचने वाले नहीं हैं। इसलिए उन्होंने बीजेपी से मिलकर इस मामले की सेटिंग कर ली। लालू ने कहा कि इसके बाद इस मामले के जज को प्रताड़ित किया गया। लालू ने कहा कि हमने महागठबंधन खत्म नहीं किया। अब प्रश्न यह है कि "यदि वास्तव में नीतीश मर्डर केस है, तो क...