Skip to main content

परवान चढ़ता माँ-बेटे का रोमान्स

सीरियल ‘मायावी मलिंग’ में माँ बेटे का
 रोल निभा रहे हैं हर्षद और अपर्णा
आर.बी.एल.निगम, फिल्म समीक्षक 
बॉलीवुड इंडस्ट्री हो या टीवी इंडस्ट्री, प्यार और अफेयर की खबरें तो आपने खूब सुनी होंगी। अक्सर ऐसा देखा जाता है कि फिल्म या सीरियल में भाई-बहन का रोल करने वाले अभिनेता और अभिनेत्री रियल लाइफ में एक-दूसरे को डेट कर रहे होते हैं, लेकिन आज हम आपको इस अभिनेता के जिस अफेयर के बारे में बता रहे हैं उसे जानकर आपका हैरान होना तय है। दरअसल इस अभिनेता का दिल अपनी ‘माँ’ पर ही आ गया है। 
ऐसा होना स्वाभाविक भी है, क्योंकि जब हमउम्र माँ-बेटे का अभिनय करेंगे। मेकअप से तो किसी युवती को वृद्ध दिखाया जा सकता है, परन्तु किसी युवती की उमंग को नहीं। आखिर उसके भी जज्बात होते हैं, किसी भी टेक-रीटेक पर उसका मन डोल सकता है।  
हम यहां टीवी सीरियल के सुपरस्टार हर्षद अरोड़ा की बात कर रहे हैं, हर्षद एक बेहतरीन अभिनेता हैं और साथ ही बेहद हैंडसम भी है। हर्षद अरोड़ा इन दिनों सीरियल ‘मायावी मलिंग’ में लीड रोल निभा रहे है। खबरों के मुताबिक इसी सीरियल में हर्षद की ‘माँ’ का रोल निभाने वाली अभिनेत्री अपर्णा कुमार पर इन दिनोंं हर्षद का दिल आ गया है। ‘बेइंतहा’, ‘अर्जुन’, ‘दहलीज़’ जैसे कई सीरियल में काम कर चुके हैं हर्षद अरोड़ा
इस सीरियल के सेट पर भी इन दोनों की नजनीकियां साफ तौर पर देखी जा रही है. शूटिंग के बाद भी ये दोनों साथ में कई पल बिताते नजर आते हैं। एक इंटरव्यू के दौरान अपर्णा ने कहा था कि हर्षद एक बहुत अच्छे इंसान है, वो मेरी सेट पर बहुत मदद करते हैं"।  साथ ही अपर्णा ने ये भी कहा कि “मैं और हर्षद एक-दूसरे के काफी करीब हैं” इन बातों से तो ये साफ जाहिर है कि सिर्फ हर्षद ही नहीं बल्कि अपर्णा भी अपने ऑनस्क्रीन ‘बेटे’ पर फिदा है। 
हालांकि इन दोनों में से अभी तक किसी ने भी अपने रिश्ते को लेकर कोई बयान नहीं दिया है, लेकिन साफ तौर पर कहा जा रहा है कि ये दोनों एक-दूसरे को डेट कर रहे हैं। यह कोई पहला मामला नहीं है बल्कि इससे पहले भी ऐसे कई मामले सुनने  को मिलते रहे हैं। 
इस सन्दर्भ में स्मरण होता है अंग्रेजी उपन्यासकार D.H.Lawrance के प्रसिद्ध उपन्यास Sons And Lovers, जिसमे माँ अपने पुत्र को एक युवती के प्रेमजाल में देख, स्वयं बेटे से नजदीकियां बढ़ाकर कहती है, "बता मेरे पास क्या नहीं है, जो उस लड़की में है।" इस उपन्यास पर 80 के दशक में फिल्म भी बन चुकी है।   

Comments

AUTHOR

My photo
shannomagan
To write on general topics and specially on films;THE BLOGS ARE DEDICATED TO MY PARENTS:SHRI M.B.L.NIGAM(January 7,1917-March 17,2005) and SMT.SHANNO DEVI NIGAM(November 23,1922-January24,1983)

Popular posts from this blog

कायस्थ कौन हैं ?

सर्वप्रथम तो ये जान लें आप सब कि ना तो मै जातिवादी हुँ और ना ही मुझे जातिवादी बनने का शौक है और ना ही कायस्थ समाज को जागृत करने मे मेरा कोई स्वार्थ छिपा है। मै कल भी एक कट्टर सनातनी था आज भी एक कट्टर सनातनी हुँ और विश्वास दिलाता हुँ सनातन धर्म के प्रति मेरी ये कट्टरता भविष्य मे भी बनी रहेगी। इन शब्दों के बावजूद भी हमे कोई जातिवादी कहे तो मै बस इतना ही कहुँगा कि कुत्तो के भौकने से हाथी रास्ता नही बदला करते। मै ‘कायस्थ समाज’ से संबंध रखता हूँ । जो मेरे मित्र इस से सर्वथा अपरिचित हैं, उनकी जानकारी के लिए बता दुँ कि उत्तर भारत के बहुलांश क्षेत्रों मे कायस्थों की जबर उपस्थिति मौजूद है, हालांकि यह समाज देश के अन्य हिस्सों मे भी विद्यमान है । इनकी जनसंख्या काफी सीमित है परंतु इस वर्ग से संबन्धित सम्मानित महापुरुषों , विद्वानो, राजनेताओ , समाज सेवियों की एक लंबी फेहरिस्त मिलेगी जिन्होंने अपनी विद्वता, कर्मठता और प्रतिभा का लोहा पूरे विश्व मे मनवाया है । सम्राट अकबर के नवरत्न बीरबल से लेकर आधुनिक समय मे स्वामी विवेकानंद , राजा राम मोहन रॉय , महर्षि अरविंद ,श्रीमंत शंकर देव ,महर्षि महेश योगी, मु…

गीता को फाड़कर कचरे की पेटी में फेंक देना चाहिए -- दलित नेता विजय मानकर

सोशल मीडियो पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में अंबेकराइट पार्टी ऑफ इंडिया के प्रेसीडेंट विजय मानकर कह रहे हैं कि गीता को फाड़कर कूड़ेदान में फेंक देना चाहिए। आपको बता दें कि विजय मानकर का ये बयान अली शोहराब नाम के फेसबुक पेज से शेयर किया गया है। इस वीडियो को एक दिन में ही लगभग 1 लाख लोग देख चुके हैं। इसे अब तक 6 हजार लोगों ने अपने फेसबुक वॉल पर शेयर भी किया है। वीडियो में विजय मानकर मंच से लगभग चुनौती भरे अंदाज में कह रहे हैं जो गीता युद्ध और हिंसा को धर्म बताती है उसे कचरे के डिब्बे में फेंक देना चाहिए। हालांकि ये वीडियो कब का है इस बारे में कोई आधिकारिक पुष्टी नहीं की गई है। जनसत्ताऑनलाइन भी इसवीडियो की पुष्टी नहीं करता है। वीडियो में दिख रहा है कि अंबेकराइट पार्टी ऑफ इंडिया के प्रेसीडेंट विजय मानकर कह रहे हैं कि ‘मैं आज इस मंच से कहता हूं कि गीता को कचरे की पेटी में फेंक देना चाहिए। गीता कहती है कि मैंने वर्ण व्यवस्था बनाई है, गीता कहती है कि ब्राह्मण श्रेष्ठ होते हैं हमें ब्राह्मणों की पूजा करनी चाहिए। गीता महिलाओं को कनिष्ठ मानती है, हिंसा और युद्ध को ध…

गरुड़ शास्त्र में पराई स्त्री के साथ सम्बन्ध बनाने एवं दैनिक कर्म के परिणाम

हमारे गृहस्थ जीवन के बारे में भारतीय प्राचीन शास्त्रों बहुत से सुझाव लिखे गये है| हर काम को करने के नतीजों के बारे में बताया गया है, फिर वो चाहे अच्छे कर्म हो या बुरे, अच्छे कर्मो का नतीज़ा हमेशा ही अच्छा होता है वही बुरे कर्मों के बुरे नतीजे भी लोगो को भुगतने पड़ते है।  शास्त्रों के अनुसार किसी पराई स्त्री के साथ सम्भोग करना पाप माना जाता है, और ऐसे इंसान को सीधे नर्क में जाना पड़ता है। वही किसी स्त्री के ऊपर बुरी नज़र रखने वाले, किसी पराई स्त्री के साथ संभोग का सोचने वाले लोगो को भी नर्क में ही जगह दी जाती है।
एक समय था, जब दिल्ली के पुराना किला स्थित भैरों मंदिर में किले की दीवारों पर चित्रों के माध्यम से प्राणियों को दुष्कर्मों से दूर रहने के लिए मृत्यु उपरान्त यमलोक में दी जाने वाली यातनाओं से अवगत करवाया जाता था। लेकिन पश्चिमी सभ्यता के मानव जीवन पर हावी होने के कारण मानव जीवन से हिन्दू मान्यताएँ धूमिल ही नहीं हुईं, बल्कि आस्था पर भी आघात हुआ है।
परिवार में किसी मृत्यु उपरान्त गरुड़ पुराण पाठ किया जाता है, लेकिन मनुष्य है, इसे केवल मृतक तक ही सीमित समझ एक धार्मिक पूर्ति मात्र मान कर…