Skip to main content

मोदी सरकार ने MSP बढ़ाकर किसानों को किया खुश

Cabinet approved up to 1.5 times MSP on kharif crop
आगामी लोकसभा चुनाव से पहले मोदी सरकार ने किसानों को बड़ा तोहफा दिया है. सूत्रों के मुताबिक, खरीफ फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में डेढ़ गुना से ज्यादा बढ़ाने पर कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है. इस फैसले से किसानों को उनकी लागत का 50 फीसदी ज्यादा एमएसपी मिलेगा. कैबिनेट की बैठक में धान, दाल, सोयाबीन, मूंगफली और मक्का जैसे खरीफ फसलों पर एमएसपी को मंजूरी दी गई. हालांकि, अभी इसके लिए क्या फॉर्मूला होगा इसका खुलासा नहीं हुआ है. 
मोदी सरकार ने MSP बढ़ाकर किसानों को किया खुश, अब पहले से ज्यादा होगी आमदानीजून 4 को सरकार ने किसानों के हक में फैसला लिया है। धान, दाल, मक्का जैसी खरीफ की फसलों पर मिनिमम सपोर्ट प्राइस (MSP) बढ़ाने पर कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है। सरकार का उद्देश्‍य है कि किसानों को अनाज के उत्पादन लागत पर ज्यादा मुनाफा मिल सके। सबसे ज्यादा एमएसपी 52.5 फीसदी रागी पर बढ़ाया गया है। वहीं, धान की एमएसपी 200 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ी है। बता दें कि सरकार ने पिछले बजट में किसानों से एमएसपी बढ़ाने का वादा किया था। माना जा रहा है कि इससे केंद्र पर 33500 करोड़ रुपए का अतिरिक्त खर्च बढ़ेगा। 
52.57 फीसदी तक बढ़ी MSP
रागी पर सबसे ज्यादा 52.57 फीसदी एमएसपी बढ़ाई गई है। इसके अलावा ज्वार पर 42 फीसदी एमएसपी बढ़ाई गई है। बाजरे पर 36.8 फीसदी एमएसपी बढ़ाई गई है। तुअर की एमएसपी 4.1 फीसदी, उड़द की एमएसपी 3.7 फीसदी और मूंग की एमएसपी 2.5 फीसदी बढ़ाई गई है।
धान पर बढ़ाया गया सबसे ज्यादा MSP
धान के लिए डेढ़ गुना से ज्यादा न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) को मंजूरी दी गई है. धान के MSP पर 200रुपए/क्विंटल का इजाफा किया गया है. धान पर लागत के मुकाबले 70 फीसदी की बढ़तोरी की गई है. धान पर अभी तक न्यूनतम समर्थन मूल्य 1550 रुपए प्रति क्विंटल था. धान में लागत के मुकाबले 70 फीसदी ज्यादा एमएसपी का इजाफा किया गया है. 
किस पर कितनी बढ़ाया गया MSP

  • हाइब्रिड ज्वार की एमएसपी में 73 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • बाजरे की एमएसपी में 525 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • मूगं की एमएसपी में 1400 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • मक्के की एमएसपी 275 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • मूंगफली की एमएसपी में 440 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • सोयाबीन की एमएमसी में 349 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • उड़द की एमएसपी में 200 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • तुअर की एमएसपी में 225 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • रागी की एमएसपी में 997 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
  • सूरजमुखी एमएसपी में 1288 रुपए/क्विंटल की बढ़ोतरी
इस फॉर्मूले से तय होगी MSP
जानकारों के मुताबिक, सरकार ए2+एफएल फॉर्मूला को अपनाने का प्रस्ताव लेकर आई है. ए2+एफएल फॉर्मूले के तहत फसल की बुआई पर होने वाले कुल खर्च और परिवार के सदस्यों की मजदूरी शामिल होगी. फिलहाल, बाजरा, उड़द, अरहर जैसे कुछ फसलो के लिए ये फॉर्मूला लागू है.

Comments

AUTHOR

My photo
shannomagan
To write on general topics and specially on films;THE BLOGS ARE DEDICATED TO MY PARENTS:SHRI M.B.L.NIGAM(January 7,1917-March 17,2005) and SMT.SHANNO DEVI NIGAM(November 23,1922-January24,1983)

Popular posts from this blog

कायस्थ कौन हैं ?

सर्वप्रथम तो ये जान लें आप सब कि ना तो मै जातिवादी हुँ और ना ही मुझे जातिवादी बनने का शौक है और ना ही कायस्थ समाज को जागृत करने मे मेरा कोई स्वार्थ छिपा है। मै कल भी एक कट्टर सनातनी था आज भी एक कट्टर सनातनी हुँ और विश्वास दिलाता हुँ सनातन धर्म के प्रति मेरी ये कट्टरता भविष्य मे भी बनी रहेगी। इन शब्दों के बावजूद भी हमे कोई जातिवादी कहे तो मै बस इतना ही कहुँगा कि कुत्तो के भौकने से हाथी रास्ता नही बदला करते। मै ‘कायस्थ समाज’ से संबंध रखता हूँ । जो मेरे मित्र इस से सर्वथा अपरिचित हैं, उनकी जानकारी के लिए बता दुँ कि उत्तर भारत के बहुलांश क्षेत्रों मे कायस्थों की जबर उपस्थिति मौजूद है, हालांकि यह समाज देश के अन्य हिस्सों मे भी विद्यमान है । इनकी जनसंख्या काफी सीमित है परंतु इस वर्ग से संबन्धित सम्मानित महापुरुषों , विद्वानो, राजनेताओ , समाज सेवियों की एक लंबी फेहरिस्त मिलेगी जिन्होंने अपनी विद्वता, कर्मठता और प्रतिभा का लोहा पूरे विश्व मे मनवाया है । सम्राट अकबर के नवरत्न बीरबल से लेकर आधुनिक समय मे स्वामी विवेकानंद , राजा राम मोहन रॉय , महर्षि अरविंद ,श्रीमंत शंकर देव ,महर्षि महेश योगी, मु…

गीता को फाड़कर कचरे की पेटी में फेंक देना चाहिए -- दलित नेता विजय मानकर

सोशल मीडियो पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में अंबेकराइट पार्टी ऑफ इंडिया के प्रेसीडेंट विजय मानकर कह रहे हैं कि गीता को फाड़कर कूड़ेदान में फेंक देना चाहिए। आपको बता दें कि विजय मानकर का ये बयान अली शोहराब नाम के फेसबुक पेज से शेयर किया गया है। इस वीडियो को एक दिन में ही लगभग 1 लाख लोग देख चुके हैं। इसे अब तक 6 हजार लोगों ने अपने फेसबुक वॉल पर शेयर भी किया है। वीडियो में विजय मानकर मंच से लगभग चुनौती भरे अंदाज में कह रहे हैं जो गीता युद्ध और हिंसा को धर्म बताती है उसे कचरे के डिब्बे में फेंक देना चाहिए। हालांकि ये वीडियो कब का है इस बारे में कोई आधिकारिक पुष्टी नहीं की गई है। जनसत्ताऑनलाइन भी इसवीडियो की पुष्टी नहीं करता है। वीडियो में दिख रहा है कि अंबेकराइट पार्टी ऑफ इंडिया के प्रेसीडेंट विजय मानकर कह रहे हैं कि ‘मैं आज इस मंच से कहता हूं कि गीता को कचरे की पेटी में फेंक देना चाहिए। गीता कहती है कि मैंने वर्ण व्यवस्था बनाई है, गीता कहती है कि ब्राह्मण श्रेष्ठ होते हैं हमें ब्राह्मणों की पूजा करनी चाहिए। गीता महिलाओं को कनिष्ठ मानती है, हिंसा और युद्ध को ध…

शेर सिंह राणा को भारतरत्न कब मिलेगा?

Play
-13:30





Additional Visual Settings